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    Hindi Poems

    आज भी तुझे ढूँढती मेरी निगाहें

    ByAmar Tripathi February 15, 2021June 5, 2021

    आज भी तुझे ढूँढती मेरी निगाहें …….कहाँ जा तुम जा छिपी हो ,लगता है जैसे दिल की बस हर इक कली मुरझा चुकी हो |आंख में आंसू हैं दिल में ठंडी आहें ,आज याद आती हैं तेरी वो हशी चंचल अदाएं |आज भी तुझे ढूँढती मेरी निगाहें ……. झुकी पलकों को तेरी देख उठता यूँ…

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